Free porn videos
loading...
Showing posts with label जीजू ने चोदा. Show all posts
Showing posts with label जीजू ने चोदा. Show all posts
बुआ को नंगा कर के गांड मारी Bua ko nanga kar ke gaand mari

बुआ को नंगा कर के गांड मारी Bua ko nanga kar ke gaand mari

मेरी बुआ की हॉट गांड में लंड दिया मैंने
मेरी बुआ की हॉट गांड

मै उमेश हू ऑर पंजाब का रहने वाला हू. मेरी उमर 20 साल है और हाईट 6 फुट है. जीम जाता हू तो हेल्‍दी बॉडी है. लंड 6.5 इंच लंबा और 4 इंच मोटा है. तो अब सीधा कहानी पर आता हू !! ये कहानी मेरी और मेरी बुआ की है. मेरी बुआ की फिगर 36 30 38 है. उनकी उमर 39 साल है. वो अक्‍सर मेरे घर आया करती थी. मेरी उनपर कभी गंदी नजर नही थी लेकिन. गर्मी की मेरी छुट्टीया चल रही थी. मै घर पर ही रहता था. एक दिन बुआ अचानक मेरे घर आयी. मै बहुत खुश हुआ था. उन्‍होंने लाल रंग का सुट पहने था जो कि बहुत टाईट था. उनके चुचे बाहर आने को तडप रहे थे. उनकी बडी गांड तो क्‍या बताऊ दोस्‍तों ! देख के पागल सा हो गया! क्‍या गांड थी … बहुत मोटी और जब वो चलती तब उनके बुब्‍स और गांड उपर निचे उछलती. मेरा तो देख के लंड ही खडा हो गया !!

अगले दिन बुआ मेरे कमरे मे सफाई करने आई लेकिन मै सो रहा था. मै अक्‍सर अंडरवेअर या शॉर्ट मे ही सोता हू ! जैसे ही बुआ मेरे कमरे मे आई तो मेरी निंद खूल गई लेकिन मै सोने का नाटक करता रहा. मैने देखा बुआ झूक झूक के झाडु लगा रही थी. उनके गोरे गोरे और बडे बडे चूचे मूझे साफ दिख रहे थे! बुआ के चुचे उनकी कुर्ती मे झुल रहे थे ये देख कर मेरा लंड खडा हो गया !! मै चाह कर भी कुछ नही कर सकता था ! फिर अचानक बुआ की नजर मेरे खडे लंड पर पडी. वो मेरे करीब आई और मेरे लंड को सहलाने लगी और सहलाने के साथ सिसका भी रही थी. मेरे अंदर तो मानो लड्डू फुट रहे थे. मेरा मन उनको पडककर चोदने को किया लेकिन मैने हलकी सी हरकत की और बुआ घबराकर चली गई ! मै समझ गया की वो चुदने को बेताब है. शाम हुई तो मै बुआ को ढूंढने लगा. वो बालकनी पर खडी थी उनकी पीठ मेरी तरफ थी. उनकी मोटी गांड को देख के मै पागल सा हो गया. क्‍या मोटी गांड थी कोई भी उनकी फिगर को देख के मुठ मार देगा !!
मेरा भी लंड खडा हो गया !! और मै उनकी ओर पीछे से बढा और चौकाने के लिये कंधे पर हात रख दिया!! वो डर कर पिछे हुई तो उनकी गांड मेरे लंड से टकरा गई. मेरे लोहे जैसे लंड से टकराकर उनकी चिख निकल गई… मै तो खुश हो गया. वो बिना कुछ बोले अपने रूम मे चली गई. अगली शाम घर मे बुआ और सिर्फ मै था. मै उन्‍हे सोचके मुठ मारने बाथरूम गया लेकिन दरवाजा बंद करना भूल गया. बुआ अचानक बाथरूम मे घूस गई. मुझे मुठ मारते देख वो हैरान हो गई. और वही खडी हो गई. मैने अपना लंड जिन्‍स के अंदर डाल दिया. और बुआ को कहा सॉरी बुआ एैसा आईंदा नही होगा. प्‍लीज किसी को बताना मत आप जो बोलोगी मै करने को तैय्यार हु !!! बुआ ने कहा फिर जैसे मै कहुंगी तुम करोगे ?? मैने हॉं कर दी !! बुआ ने बाथरूम का दरवाजा बंद कर दिया और मुझे कहा जिन्‍स उतार दो !! मुझे बहुत शरम आयी.
मैने कहा बुआ मै ऐसे नही कर सकता. बुआ ने कहा उतारो वरना मै सबको बता दुंगी. मैने अपनी जिन्‍स उतार दी. बुआ मेरे पास आयी और मेरी अंडरवेअर पर हात फेरने लगी. मैने कहा बुआ नही ये क्‍या कर रहे हो!! फिर उन्‍होने मुझे किस करना शुरू किया. मेरा भी मुड बनना शुरू हो गया और लंड भी खडा हो गया !!! बुआ मुझे किस कर रही थी. उनकी जीभ मेरी जीभ से टकरा रही थी. किस करते करते मैने उनके बाल पकड लिये और उनके होठों का रस चूसने लगा. वो साथ साथ मेरे लंड को सहला रही थी. बुआ फिर अपने मुह से मेरी शर्ट की बटन खोलने शुरू कीया !! उनकी गरम सासे मुझे और गरम कर रही थी और उनके होठ मेरी छाती को छू रहे थे. मैने भी उनके चूचे प्रेस की और मसलने लगा !! इतने बडे चूचे और मूलायम की मेरे हाथ मे समा नही रहे थे. मै बुआ के गोरे गोर चूचो को मसल रहा था. वो सिसकिया लेने लगी. आहहहहहह उफफफफ उममममम मममम अममम मम
मैने उनकी कुर्ती मे हाथ डाल दिया चुचों को और जोस से मसलने लगा !!बुआ पूरी तरह गरम हो चुकी थी ! उन्‍होने मेरा लंड पकडा और मुह मे ले लिया. वो घुटनो पे बैठके मेरे लंड को पूरा अंदर तक लेने की कोशीश कर रही थी. मै उनका सर पकडकर लंड आगे पिछे करने लगा. बुआ अममम अममम अममम करने लगी. मै अब गरम हो गया था. मैने उनकी कुर्ती उतार दि. क्‍या बताऊ दोस्‍तो. उनका गोरा बदन और बडे बडे कडक चूचे देख के मजा आ गया. अब वो मेरे सामने नंगी खडी थी. मैने उनकी कमर पकडी और अपने तरफ खिंचा. उनके चुचे मेरी छाती से दब रहे थे. मै उन्‍हे किस करने लगा और साथ ही साथ पिठ पे हाथ घुमा रहा था.
5-7 मिनट किस करने के बाद उन्‍होने अपनी सलवार उतार दी. उन्‍होंने पॅन्‍टी पहन रखी थी. मै उनकी गुलाबी चूत देखते रह गया. मुझसे रहा नही गया. मैने उन्‍हे दिवास टिकाया और शॉवर चला दिया. पानी की बुंदे उनकी चिकनी पिठ और झुलते चुचों से टपक रही थी.
यह देखकर मेरा लंड फटने को आ गया. मैने उनकी चुत पर हाथ मारा ताकी उनकी चुत और टाईट हो जाये. फिर मैने अपना मोटा लंड उनकी चुत पर रखा तो बुआ बोली मनिष और मत तडपाओ. मैने एक झटके मे आधा लंड अंदर दिया तो चिख पडी अहहहह मनिष हहूह. एक और झटके मे लंड पूरा अंदर दे दिया. वो दर्द से चिल्‍ला रही थी. मुझसे और रहा नही गया और पागलो की तरह बुआ को पीठ पकड कर चोदने लगा. बुआ बोलती रही धीरे धीरे. पर मै नही रूका और जोर से झटके मारते रहा. बुआ अहहहह आहहहह आहहहह मै मर गई … आहहहह…. आहहह….. अह….. उफ….. उफ अममम चिल्‍लाती रही… फिर मैने अपने लंड पे क्रिम लगाई और बुआ के गांड मे लंड पेल दिया. बुआ के आसू आये और आ आहह मनिष धीरे से अमम बोलती रही. मैने धक्‍के मारने चालू रखे. उनके लटकते गोरे गोरे चुचों को पकड लिया और चोदने लगा. मैने बुआ की गांड मार मार कर लाल कर दी.
अब हम दोनो झड रहे थे. बुआ ने मुझे लंबी किस की और कहा अब हम हमेशा सेक्‍स किया करेंगे. फिर मैने नहाते नहाते उनके चुचे चुसे और किस किया. बुआ से दो दिन तक चला नही गया. क्‍योंकि मैने उनकी गांड बहुत जोर से और बहुत देर तक मारी. उम्‍मीद करता हु आपको मेरी कहानी बहुत अच्‍छी लगी होगी
मुझे पहली बार जीजू ने चोदा (Mujhe Pahli Bar Jiju Ne Choda)

मुझे पहली बार जीजू ने चोदा (Mujhe Pahli Bar Jiju Ne Choda)

मेरा नाम नाज़नीन है, आज मैं आपको अपनी कहानी सुनाने जा रही हूँ की कैसे मुझे मेरे जीवन का पहला लण्ड मिला और कैसे उसने मुझे पहली बार चोदा। यह घटना घटी तब मैं बीस साल की थी, शादी नहीं हुई थी। अपने बारे में बता दूँ, पाँच फ़ीट चार इंच लम्बाई के साथ मेरा वजन है करीब 56 किलो, यानि कि मैं पतली लड़कियों में से तो नहीं हूँ, मेरा बदन भरा हुआ, मेरा रंग गोरा, बाल और आँखें काली हैं, चेहरा गोल है, ऊपर वाला होंठ जरा सा आगे उठा हुआ है और नीचे वाला मोटा है। मेरी सहेलियाँ कहती हैं कि मेरे होंठ बहुत चूमनीय हैं। मेरे बदन में मेरा सबसे ज्यादा आकर्षक अंग है मेरे स्तन, जो मुझे देखता है उसकी नजर सबसे पहले मेरे स्तनों पर जम जाती है। 38 इन्च के मेरे उरोज एकदम गोल हैं, जरा भी झुके हुए नहीं हैं, मेरे स्तनाग्र छोटे हैं और बहुत संवेदनशील हैं। मेरा पेट दबा हुआ है लेकिन नितम्ब भारी और पीछे को उभरे हुए हैं। मेरे हाथ पाँव चिकने और नाजुक हैं। अब रह गई मेरी चूत की बात… मेर चूत के बारे में मैं अभी नहीं बताऊँगी। हुआ क्या कि मुझे अमदाबाद में MBA में प्रवेश मिला लेकिन रहने के लिये गर्ल होस्टल में तुरंत जगह ना मिल पाई। मुझे एक सेमेस्टर के लिये अपनी मौसेरी बहन फ़रज़ाना के घर रहना पड़ा। मैं आभारी हूँ अपनी बहन की जिसने मुझे आश्रय दिया और जिसकी वजह से मैंने अपने पहले orgasm का मज़ा लिया! मैं फ़रज़ाना आपा के साथ रहने चली आई। उसके शौहर यानि मेरे जीजू डॉक्टर आदिल अमदाबाद में अपनी क्लिनिक चलाते थे। वो आपा की फूफी के लड़के ही थे। आपा भी एक कम्पनी में जॉब करती थी। आपा और जीजू सेक्स के बारे में एकदम खुले विचारों के थे। आपा ने खुद मुझे कहा था कि कैसे आदिल के एक दोस्त सचिन को लण्ड खड़ा ना हो पाने की कुछ बिमारी थी और इलाज के जरिये कैसे आपा ने सचिन से चुदावाया था। अपने शौहर के सिवाये ग़ैर मर्द का वो पहला लण्ड था जो आपा ने लिया था। उसके बाद आपा ने अपने बॉस पर तरस खाकर उससे भी चुदवा लिया था। उसके बाद आपा और जीजू का कुछ लोगों के साथ एक ग्रुप बन गया था जो अक्सर ग्रुप चुदाई करते थे। नए मेंबर को पूरी छानबीन के बाद ही ग्रुप में शामिल किया जाता था। शुरू शुरू में शर्म के मारे मैं आपा और जीजू से दूर रही, ज्यादा बात भी नहीं करती थी। जीजू हर रोज मेरे उरोजों के साइज़ का अंदाज़ लगाते थे लेकिन कभी उन्होंने छेड़छाड़ नहीं की थी। आपा धीरे धीरे मेरे साथ बातें बढ़ाने लगी और कभी कभी सेक्सी नॉन वेज जोक्स भी सुनाने लगी। ऐसे ही एक मौक़े पर आपा ने मुझे बताया था कि चुदाई के बारे में उनकी क्या सोच है। एक दिन कालेज जल्दी छूट गया और मैं जल्दी घर आ पहुँची। दोपहर को घर पर कोई होगा यह मैंने सोचा नहीं था। मेरे पास चाबी थी, दरवाजा खोल कर मैं अन्दर गई, लॉबी के दरवाजे में ही मेरे कदम रुक गए, जो नजारा मेरे सामने था उसे देख कर मैं हिल ही ना पाई। यह कहानी आप अन्तर्वासना डॉट कॉम पर पढ़ रहे हैं ! सोफ़े पर जीजू लेटे थे, उनके पैर जमीन पर थे, पैंट नीचे सरकी हुई थी, पूरी हलफ़ नंगी आपा उनकी जांघों पर सवार थी, जीजू का लण्ड आपा की चूत में फंसा हुआ दिख रहा था, आपा अपने चूतड़ उठा-गिरा कर लण्ड चूत में अन्दर बाहर कर रही थी। जब आपा के कूल्हे ऊपर उठाते थे तब जीजू का मोटा सा लम्बा सा लण्ड साफ दिखाई दे रहा था, जब कूल्हे नीचे गिरते थे तब पूरा लण्ड आपा की चूत में घुस जाता था। आपा के चूचे जीजू के मुँह पास थे और मेरे ख्याल से जीजू उन्हें चूस भी रहे थे। मैंने ऐसा खेल कभी देखा नहीं था. मेरा दिल धक धक करने लगा, बदन पर पसीना आ गया और चूत ने पानी बहा दिया। इतने में जीजू ने मुझे देख लिया। चुदाई की रफ्तार चालू रखते हुए वो बोले- अरे नाज़नीन, कब आई? आ जा आ जा, शरमा मत ! मैं तुरंत होश में आई और भाग कर अपने कमरे में चली गई। दूसरे दीन जीजू क्लिनिक पर गए तब मैंने आपा से कहा- आपा मुझे माफ़ कर देना, मैं अनजाने में आ पहुंची थी, मुझे पता नहीं था कि जीजू और आप उस वक्त घर पर होंगे और आप दोनों…!! आपा ने मुझे आश्वस्त किया कि कुछ गलत नहीं हुआ था, वो बोली- देख नाज़नीन, सेक्स के बारे में हम बिल्कुल खुले विचारों के हैं, चोदने चुदवाने से हम कोई परहेज नहीं रखते हैं, हम दोनों बीच समझौता भी हुआ है कि तेरे जीजू किसी भी लड़की को चोद सकते हैं और मैं किसी भी मनपसंद मर्द से चुदवा सकती हूँ। लेकिन हर ऐरे ग़ैरे के साथ हम चुदाई नहीं करते, हमारा एक छोटा सा ग्रुप है जिसके मेम्बर्स आपस में ग्रुप सेक्स करते हैं। मुझे यह सुन कर बहुत हैरानी हुई, मैंने पूछा- तो तुमने जीजू के अलावा और किसी से भी..? आपा- हाँ, चुदावाया है, और तेरे जीजू ने दूसरी दो लड़कियों को चोदा भी है। मैं- आपके ग्रुप में कोई भी शामिल हो सकता है? आपा- नहीं… आने वाला मर्द या लड़की सबको मंजूर होना चाहिए, ज्यादातर हम जाने पहचाने लोगों को ही लेते हैं। मैं- मैं पूछ सकती हूँ कि कौन कौन है आपके ग्रुप में? आपा- अभी नहीं, वक्त आने पर बता दूँगी। मैं- किसने ग्रुप शुरू किया और कैसे? आपा- आदिल के एक दोस्त को लण्ड खड़ा ना होने की बीमारी थी, उसी के इलाज के लिए मैंने उससे चुदवाया, आदिल वहाँ मौजूद थे, दोस्त के बाद तुरंत आदिल ने मुझे चोदा, उनको और ज्यादा मजा आया, वो कहने लगे कि दूसरे लण्ड से चुदी हुई चूत को चोदने में और ज्यादा मजा आया। उनके दोस्त ने वचन दिया कि वो ऐसी लड़की से शादी करेगा जो आदिल से चुदवाने तैयार हो। ऐसी मिल भी गई और उनकी शादी भी हो गई. वचन के मुताबिक दोस्त की बीवी ने आदिल से चुदवाया। उस वक्त मैं और वो दोस्त भी मौजूद थे, हमने भी मस्त चुदाई कर ली। बाद में दूसरे दो कपल और शामिल हुए। मैं- एक बात पूछूं? आपा- क्या? मैं- जिसे आप लोग orgasm कहते हैं, वो क्या होता है? आपा- orgasm तो महसूस किया जाता है, दुनिया का सबसे बड़ा मज़ा तो बस orgasm में है। कई लोग उसे परम आनन्द कहते हैं तो कई लोग उसे ज़न्नत कहते हैं। orgasm के दौरान व्यकति अपने आप को भूल जाता है और बस आनन्द ही आनन्द का अनुभव होता है। मैं- हर च… चु. चुदाई के वक्त orgasm होता है? आपा- ना… ना… औरत को हर बार नहीं भी होता पर मर्द को होता है, उस वक्त लण्ड से वीर्य की पिचाकरियाँ छूटती है। लड़की को ना भी हो, एक बार हो, या एक से ज्यादा भी हो! चोदने वाला मर्द सही तकनीक जानता हो तो लड़की को एक बार की चुदाई में दो या तीन orgasm दे सकता है। मैं- इस मामले में जीजू कैसे हैं? आपा- बहुत अच्छे! मैं- आप लोग रोज रोज..? आपा- हाँ, तुम्हारे जीजू रोज मुझे चोदते हैं, कम से कम एक orgasm होने तक, कभी कभी दो orgasm भी करवाते हैं। तूने अब तक चुदावाया नहीं है क्या? मैं- नहीं! आपा- वहाँ अपनी चूत में उंगली करती हो? मैं- हाँ ! आपा- मज़ा आता है? मैं- जब जब वो छोटे दाने से touch होता है ना! आपा- वो छोटे दाने को clitoris क्लिटोरिस कहते हैं… आदमी के लण्ड मुकाबले का अंग है वो.. अच्छी तरह उसको उत्तेजित करने से orgasm होता है! अच्छा अब छोड़ ये बातें, साफ साफ बता, अपनी चूत चुदवा कर मज़ा लेना है अपने जीजू से? आपा की बात सुनते ही मैं शरमा गई जीजू का लण्ड याद आ गया, तुरंत मेरी चूत ने संकोचन किया और मेरी क्लिट ने सर उठाया, चूचियाँ भारी होने लगी, मैं कुछ बोल ना सकी। आपा मेरे पास आई, मेरे स्तन थाम कर बोली- तूने पैड वाली ब्रा तो नहीं पहनी है ना? कितने अच्छे है तेरे चूचे… तेरे जीजू कहते हैं कि ऐसे चूचे बनाने के लिये तूने काफी चुदाई करवाई होगी। मैं- आपा, मैं तो मोटी हूँ, कौन पसंद करेगा मुझे? सब लोग पतली लड़कियाँ चाहते हैं। आपा- अरे, थोड़ी सी मोटी हो तो क्या हुआ? खूबसूरत तो हो, कोई ना कोई मिल जाएगा… चुदवाने की इच्छा हो तो बोल, मैं आदिल से बात करुँगी। मैंने अपनी गर्दन झुका कर धीमी आवाज से हाँ कह दी। उस शाम खाना खाते समय मैं जीजू से नजर नहीं मिला सकी पर वो तो बेशर्म थे, बोले- क्या ख्याल है साली जी? पसंद आया मेरा लण्ड? आपा- आदिल, छोड़िये बेचारी को, बहुत शरमाती है! अब तक उसने लण्ड नहीं लिया है। जीजू- अच्छा, तब तो कंवारी है, ऐसा क्या? आपा- हाँ, ऐसा ही है। जीजू- अरे वाह नाज़नीन, तो तुम अपने जीजू को अपनी अनछुई चूत का तोहफ़ा दे रही हो? मैंने तो शर के मारे अपना सर एकदम नीचे झुका लिया। जीजू- शर्म आ रही है? तेरे जैसी खूबसूरत साली को चोदने से कौन मूर्ख रुक सकता है? तो हो जाए अभी? जीजू ने मेरी ठुड्डी को पकड़ कर मेरा चेहरा ऊपर को किया। मेरे होंठों की मुस्कान को मैं रोक ना सकी और जीजू से छिपा ना सकी। जीजू उठ कर मेरी कुर्सी के पीछे आये, मेरे कन्धों पर हाथ रख कर आगे झुके और मेरे गाल पर बोसे लेने लगे। मुझे गुदगुदी होने लगी, मैं छटपटा गई। आपा बोली- तुम दोनों बेडरूम में चले जाओ, मैं भी बस आती हूँ। जीजू मेरा हाथ पकड़ कर बेडरूम में पलंग पर ले गए, मुझे बहुत शर्म आ रही थी लेकिन जीजू का लण्ड याद आते ही उनसे चुदवाने की इच्छा जोर पकड़ लेती थी। जीजू ने मुझे नाइट ड्रेस पजामा और नाइटी पहनने को दी और खुद भी पहन ली। जीजू अपने पाँव लंबे करके पलंग पर बैठे और मुझे अपनी गोद में बिठाया, मेरे पाँव भी लंबे रख दिए। मेरी पीठ उनके सीने से लगी हुई थी, उनके हाथ मेरी क़मर से लिपट कर पेट तक पहुंच गए, मेरा चेहरा घुमा कर उसने मेरे लबों पर चुम्बन किया। फ्रेंच किस का मुझे कोई अनुभव ना था, क्या करना है, वो मुझे पता ना था। मैं होंठ बंद किए बैठी रही, उन्होंने जीभ से मेरे होंठ चाटे और जीभ मुँह में डालने का प्रयास किया, मैंने मुँह खोला नहीं, उन्होंने मेरा नीचे वाला होंठ अपने होंठों बीच लेकर चूसा, मेरे बदन में झुरझुरी फ़ैल गई और मेरी दोनों निप्पल और क्लिट खड़ी होने लगी। पेट पर से उनका हाथ मेरे वक्ष पर आ गया, मैंने अपने हाथों की चौकड़ी बना कर अपनी छाती ढक रखी थी, मेरा हाथ हटा कर जीजू ने मेरे उरोज थाम लिये और नाइटी के ऊपर से सहलाने लगे, बोले- नाज़नीन, तेरे चूचे तो बहुत बड़े हैं, और सख्त भी हैं। मैं कुछ बोली नहीं, उनके हाथ पर हाथ रख दिए लेकिन हटाया नहीं। कुछ देर तक स्तन सहलाने के बाद उन्होंने मेरी नाईटी के हुक खोल दिये। मुझे शर्म आती थी इसलिये मैंने नाईटी के पल्लुओं को पकड़ कर रखा, हटाने नहीं दिया। वो फ़िर से मेरे लबों पर किस करने लगे, तो मैं भूल गई और उन्होंने मेरी नाईटी पूरी खोल दी, जैसे ही उन्होंने मेरा नंगा चूचा हथेली में लिया, उनकी उंगलियाँ छूते ही वो कड़ी हो गई और बिजली का करंट वहीं से निकल कर मेरी चूत तक दौड़ गया, मेरी चूत ने रस बहाना शुरू कर दिया। उनका एक हाथ अब फ़िर से पेट पर उतर आया और पेट पर से जांघ पर चला गया. मेरी दाहिनी जांघ उन्होंने ऊपर उठाई, जांघ के पिछले हिस्से पर उनका हाथ फिसलने लगा, घुटने से लेकर ऊपर चूत तक जीजू ने मेरी जांघ सहलाई लेकिन चूत के बीच में छुआ नहीं। लबों पर चुम्बन करते हुए उन्होंने दूसरे हाथ से मेरा पजामा सरका दिया। मैं इतनी उत्तेजित हो गई थी कि मैंने पजामा उतरने में कोई विरोध नहीं किया बल्कि कूल्हे उठा कर सहयोग दिया। अब उनका हाथ मेरी नंगी जांघ का पिछला हिस्सा सहलाने लगा, दूसरा हाथ चूत पर लग गया। उनकी उंगलियों ने मेरी क्लिट ढूंढ ली, दूसरे हाथ ने चूत का मुँह खोज लिया, एक साथ क्लिट सहलाई और चूत में दो उंगलियाँ भी डाली। जीजू की उत्तेजना भी कुछ कम नहीं थी, उनका बड़ा लण्ड कब का मेरे चूतरों की दरार में सैट गया था, लण्ड कामरस बहा रहा था, इससे मेरे नितम्ब गीले हो चुके थे। एक ओर मेरी चूत ने फटके मारने शुरू किए तो दूसरी ओर लण्ड ठुमका लेने लगा। जीजू ने चुम्बन तोड़ा, मुझे थोड़ा अलग किया और अपना पाजामा उतार दिया। झटपट उन्होंने कॉन्डोम पहन लिया। एक हाथ से लण्ड सीधा पकड़ रख के उन्होंने मेरे कूल्हे ऐसे रख दिये की लण्ड का मत्था मेरी चूत में घुस गया। मैंने हौले से चूतड़ नीचे किए, आसानी से जीजू का पूरा लण्ड मेरी चूत में घुस गया। मुझे हल्का सा ही दर्द हुआ और मैं पीछे की ओर ढल कर उनके सीने पर लेट गई, अपने कूल्हे हिला कर हल्के धक्के से वो मुझे चोदने लगे, साथ साथ उनकी उंगली मेरा दाना सहलाती रही। इस पोजिशन में थोड़ा सा ही लण्ड चूत में आ जा सकता था इसलिये उन्होंने मुझे धकेल कर आगे झुका दिया और चारों पैर पर कर दिया, वो पीछे से ऊपर चढ़ गए, अब जीजू को क़मर हिलाने की जगह मिल गई, लंबे धक्कों से वो मुझे चोदने लगे, पूरा लण्ड बाहर खींच कर वो एक झटके से चूत में घुसेड़ने लगे, मेरी योनि की दीवारें लण्ड से चिपक गई थी। थोड़ी ही देर में धक्के की रफ्तार बढ़ने लगी, आगे झुक कर उन्होंने मेरे स्तन थाम लिये और चोदते चले गये। मुझे बहुत मजा आ रहा था, मैंने मेरा सिर पलंग पर रख दिया था। इतने में जीजू जोर से मुझ से लिपट गए, लण्ड चूत की गहराई में घुसेड़ दिया और पांच सात पिचकारियाँ मार कर झड़ गए। उनके लण्ड ने ठुमक ठुमक ठुनके लगाये और मेरी चूत में कुछ फटके हुए, बहुत मजा आया। लण्ड निकाल कर जीजू मेरे ऊपर से उतर गए। इतने में आपा आ गई, उन्होंने पूछा- आया ना मजा? मैंने सर झुका दिया। जीजू बोले- छोटा orgasm हुआ नाज़नीन को… तुम कुछ करना चाहती हो? आपा- ना, अभी नहीं… मेरी राय है कि इसे लण्ड से ही पक्का orgasm करवाना चाहिए। जीजू- तो कल हम सचिन के घर जा रहे हैं, नाज़नीन को भी ले जायेंगे, ग्रुप में अच्छा रहेगा. क्या कहती हो नाज़नीन? चलोगी ना? आपा- वहाँ दूसरे दोस्त भी आएंगे और ग्रुप चुदाई करेंगे, मजा आएगा… नाज़नीन है ना? मैं- मैंने कभी ऐसा किया नहीं है। मैंने मना कर दिया और जब तक मैं अमदाबाद में रही, आप और जीजू के साथ उनके बेडरूम में ही सोती थी!

Kategori

loading...

Kategori

loading...